ओलावृष्टि से प्रभावित किसानों को राहत देगी सरकार, किसान मोर्चा ने दिया भरोसा
उत्तराखंड में हाल ही में हुई ओलावृष्टि और बेमौसम बारिश से किसानों की धान की फसल को भारी नुकसान पहुंचा है। खेतों में खड़ी और कटी हुई फसल दोनों प्रभावित हुई हैं, जिससे किसानों में चिंता का माहौल है। इस बीच भारतीय जनता पार्टी किसान मोर्चा ने किसानों को राहत दिलाने का भरोसा दिलाया है।
भाजपा किसान मोर्चा के जिला अध्यक्ष राजेश बजाज ने कहा कि किसानों को किसी भी तरह की परेशानी नहीं होने दी जाएगी। उन्होंने कहा कि मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी स्वयं किसान परिवार से आते हैं और किसानों की समस्याओं को लेकर बेहद गंभीर हैं। सरकार किसानों के हित में हर संभव कदम उठा रही है।
राजेश बजाज ने बताया कि ओलावृष्टि से हुए नुकसान का आकलन करने के लिए जिला प्रशासन को निर्देश दिए गए हैं। राजस्व और कृषि विभाग की टीमें खेतों में जाकर फसल नुकसान का सर्वे कर रही हैं। रिपोर्ट के आधार पर प्रभावित किसानों को मुआवजा और राहत राशि उपलब्ध कराई जाएगी।
उन्होंने कहा कि किसानों को तत्काल राहत देने के लिए सरकार ने बिजली के बिलों में तीन महीने की छूट देने और किसान क्रेडिट कार्ड व अन्य कृषि ऋणों से जुड़े मामलों में राहत प्रदान करने पर विचार किया है। इससे किसानों पर पड़ने वाले अतिरिक्त आर्थिक बोझ को कम किया जा सकेगा।
इसके साथ ही धान की खरीद को लेकर भी सरकार ने स्पष्ट रुख अपनाया है। बजाज ने कहा कि किसानों की धान की उपज को उचित समर्थन मूल्य पर खरीदा जाएगा। इसके लिए क्रय केंद्रों की संख्या बढ़ाने और खरीद प्रक्रिया को सरल बनाने के प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि किसानों को अपनी उपज बेचने में किसी तरह की दिक्कत न हो और उन्हें बिचौलियों का सामना न करना पड़े।
किसान मोर्चा के जिला अध्यक्ष ने कहा कि प्रदेश सरकार किसानों को आत्मनिर्भर बनाने के लिए लगातार योजनाएं चला रही है। प्रधानमंत्री किसान सम्मान निधि, मुख्यमंत्री सशक्त किसान योजना, फसल बीमा योजना और सिंचाई सुविधाओं के विस्तार से किसानों को सीधा लाभ मिल रहा है। ओलावृष्टि जैसी प्राकृतिक आपदा के समय सरकार किसान के साथ खड़ी है।
उन्होंने किसानों से अपील की कि वे किसी भी तरह की अफवाह पर ध्यान न दें और फसल नुकसान की सूचना अपने नजदीकी कृषि कार्यालय या लेखपाल को दें। सरकार हर प्रभावित किसान तक राहत पहुंचाने के लिए प्रतिबद्ध है।
इधर, किसानों ने भी सरकार से जल्द से जल्द सर्वे पूरा कर मुआवजा जारी करने की मांग की है। कई क्षेत्रों में धान की फसल पूरी तरह बर्बाद होने की खबर है। किसान मोर्चा ने भरोसा दिलाया है कि उनकी मांगों को मुख्यमंत्री तक पहुंचाया जाएगा और जल्द ही ठोस राहत पैकेज की घोषणा की जाएगी।