‘मामा टीटी गैंग’ का पर्दाफाश, बिहार के 5 शातिर ठग गिरफ्तार
दीपावली पर घर लौट रहे मजदूरों को निशाना बनाने वाले ‘मामा टीटी गैंग’ का जीआरपी हरिद्वार ने पर्दाफाश किया है। जीआरपी ने बिहार के 5 ठगों को गिरफ्तार कर 90 हजार रुपये से अधिक की ठगी का खुलासा किया है।
जीआरपी के अनुसार 10 अक्टूबर की रात पश्चिम बंगाल निवासी दो मजदूर कुंभ एक्सप्रेस से अपने घर जाने के लिए हरिद्वार रेलवे स्टेशन पहुंचे थे। इसी दौरान आरोपियों ने खुद को रेलवे टीटी का भांजा बताकर उनसे संपर्क किया और जनरल टिकट को एसी कोच में बदलवाने का झांसा दिया। विश्वास में लेकर आरोपियों ने रेलवे नियमों का हवाला देकर मजदूरों से नकदी, मोबाइल, बैग और बैंक खाते का पिन हासिल कर लिया और बाद में उनके खातों से 90 हजार 500 रुपये निकाल लिए। शिकायत मिलते ही जीआरपी हरिद्वार ने सीसीटीवी फुटेज और मुखबिर तंत्र की मदद से 30 घंटे के भीतर पांचों आरोपियों को दबोच लिया।
गिरफ्तार आरोपियों की पहचान सौरभ, सुमित कुमार, किशन कुमार, जितेंद्र कुमार चौधरी और बंटी कुमार के रूप में हुई है। सभी की उम्र 19 से 24 वर्ष के बीच है और सभी बिहार के रहने वाले हैं।
पुलिस ने आरोपियों के कब्जे से 25 हजार रुपये नकद, वनप्लस मोबाइल और बैग बरामद किया है, जबकि ठगी की रकम में से 49 हजार 999 रुपये बैंक खाते में फ्रीज कराए गए हैं। जीआरपी कप्तान अरुणा भारती ने पुलिस टीम की सराहना करते हुए 2500 रुपये इनाम की घोषणा की है। जीआरपी ने यात्रियों से अपील की है कि टिकट बदलवाने या एसी में सीट दिलाने के नाम पर किसी अनजान व्यक्ति को अपना मोबाइल, पिन या नकदी न दें।