सुरई रेंज में बाघ की चहलकदमी से दहशत, वन विभाग सतर्क
शीत ऋतु की दस्तक के साथ ही तराई पूर्वी वन प्रभाग के सुरई रेंज में वन्यजीवों की हलचल तेज हो गई है। सुरई रेंज से सटे ग्राम बनगवा, रघुलिया और उत्तर प्रदेश सीमा से लगे इलाकों में बाघ की मौजूदगी से ग्रामीणों में दहशत का माहौल है।जानकारी के अनुसार पिछले कुछ दिनों से रिहायशी इलाकों के करीब बाघ के पगचिह्न मिलने और आवाजाही बढ़ने से लोग शाम ढलते ही घरों में दुबकने को मजबूर हैं। किसानों और पशुपालकों ने खेतों की ओर जाना कम कर दिया है।
स्थिति को देखते हुए तराई पूर्वी वन प्रभाग प्रशासन सतर्क हो गया है। सुरई रेंज अधिकारियों के निर्देशन में विशेष गश्ती दलों का गठन कर दिन-रात गश्त बढ़ा दी गई है। वन विभाग की टीमें बाघ की गतिविधियों पर नजर रख रही हैं और उसे सुरक्षित तरीके से घने जंगल की ओर खदेड़ने का प्रयास कर रही हैं। वन विभाग ने ग्रामीणों से अपील की है कि अफवाहों से बचें, सतर्क रहें, अकेले जंगल की ओर न जाएं और बाघ की मौजूदगी या पगचिह्न दिखने पर तुरंत नजदीकी वन चौकी या रेंज कार्यालय को सूचना दें।